सरगुजा: सरगुजा जिले के सीतापुर क्षेत्र में दो पक्षों के बीच शादी समारोह के दौरान हुए विवाद ने सांप्रदायिक रूप ले लिया है. विवाद इतना बढ़ गयाकि मामला थाने पहुंच गया. वहां पुलिस पर सिर्फ एक पक्ष के खिलाफ अपराध दर्ज करने का आरोप लगाते हुए दूसरे पक्ष के लोगों ने रात में सड़कजाम कर दिया, रात में करीब चार घंटे लोग सड़क पर विरोध प्रदर्शन करते रहे. वहीं आज सुबह से क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी है. पुलिस थाना परिसरछावनी में तब्दील हो गया है। सीतापुर के शादी समारोह में बवाल, छावनी में तब्दील हुआ थाना परिसर दरअसल, सीतापुर के शादी समारोह मेंअलग–अलग समुदाय के दो गुटों में नाचने के दौरान मारपीट हो गई. इसके बाद तनाव की स्थिति बन गई. वहीं इस मामले को लेकर हिन्दू संगठन केपदाधिकारियों ने पीड़ित गुट के साथ रैली निकालकर, सीतापुर नगर को बंद कराने शहर में निकली. वहीं रैली में जमकर नारेबाजी की गई और पुलिसपर एकतरफा कार्रवाई करने का आरोप लगाया गया। माहौल तनावपूर्ण हो गया। इसके बाद थाना परिसर छावनी में तब्दील हो गया। विधायक रामकुमार टोप्पो ने सुनी लोगों की बात आक्रोशित लोगों ने बीते 2 घंटे से मुख्य मार्ग NH43 में चक्काजाम किया है. आरोपियों के खिलाफ देशद्रोह का मामला दर्ज कर उनका जुलूसनिकालने की मांग की जा रही है. इसमें नगर पंचायत अध्यक्ष प्रेमदान कुजूर पर भी बैठे हैं. वहीं सीतापुर से BJP विधायक रामकुमार टोप्पो मौके परपहुंचे. जहां उन्होंने जमीन पर बैठकर लोगों से कर बातचीत की. क्या है पूरा मामला? सीतापुर में दो दिन पहले एक पैकरा परिवार में शादी समारोह का आयोजन किया गया था. जिस शादी समारोह में पड़ोस के डांस करने गए हुए थे. इसी दौरान इन युवकों के साथ टेंट में काम करने वाले दो अन्य युवक भी डांस करने लगे तब धक्का मुक्की हुई. यही से मामला बिगड़ना शुरू हुआऔर फिर यहां दोनों पक्षों के बीच मारपीट हुई. फिर टेंट लगाने वाले युवकों ने अपने अन्य साथियों के साथ पहुंचकर मारपीट किया उसके बाद दूसरेपक्ष के लोगों ने भी मारपीट करने के लिए टेंट वालों को खोजना शुरू किया तो वे लापता हो गए, लेकिन इस पूरे मामले में पुलिस ने सिर्फ एक पक्ष कारिपोर्ट लिखा और जब इसकी जानकारी दूसरे पक्ष को लगी तो वे विरोध करने लगे। Share this: Click to share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp Click to share on Facebook (Opens in new window) Facebook Click to share on X (Opens in new window) X Click to email a link to a friend (Opens in new window) Email Post navigation देवी अहिल्याबाई का जीवन काल्पनिक गाथा नहीं, एक युगद्रष्टा प्रशासक की प्रेरक यात्रा है – नारायण चंदेल ओपीडी बंद, लैब खाली, कर्मचारी गायब! — जांच में उजागर गड़बड़ियाँ, बीएमओ तत्काल प्रभाव से हटाए गए